अन्ना इफेक्ट: बच्चे अब पढ़ेंगे ईमानदारी का पाठ | |||
| बृजेश सिंह/नई दिल्ली | |||
| Story Update : Sunday, May 06, 2012 12:22 AM | |||
बच्चों को अब विभिन्न विषयों के साथ ही स्कूलों में नैतिक मूल्य, सत्यनिष्ठा तथा ईमानदारी का भी पाठ पढ़ाया जाएगा। सीबीएसई एवं सीआईएससीई ने इसके लिए बोर्ड से जुड़े सभी स्कूलों को एक परिपत्र जारी कर सत्यनिष्ठा क्लब स्थापित करने को कहा है। इस क्लब को शुरू करने का विचार पिछले साल समाजसेवी अन्ना हजारे के आंदोलन के दौरान अफसरों के दिमाग में आया था। अब इस पर अमल शुरू करने की पहल हो रही है।
उल्लेखनीय है कि वर्ष 2011 में जब भ्रष्टाचार के खिलाफ अन्ना का आंदोलन अपने शबाब पर था उन्हीं दिनों केंद्रीय सतर्कता आयोग ने विभिन्न विभागों के प्रमुखों के साथ दिल्ली में एक बैठक की थी। जुलाई में हुई बैठक को वैसे तो समीक्षा बैठक नाम दिया गया था लेकिन अन्ना के आंदोलन के प्रभाव के चलते इस बैठक में भ्रष्टाचार के मुद्दे पर खुलकर चर्चा हुई थी। इसी बैठक में केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड से स्कूलों में सत्यनिष्ठा एवं ईमानदारी का पाठ पढ़ाने के तरीके ढूंढने को कहा गया था। पहले से किसी न किसी रूप में स्कूली शिक्षा में उच्च नैतिकता से जुड़े पाठ्यक्रम को हिस्सा बनाया जाता रहा है। इसके अलावा नेशनल एजुकेशनल फ्रेमवर्क 2005 में भी सामाजिक एवं नैतिक मूल्यों को बढ़ाने वाले पाठ्यक्रम को स्कूलों में शामिल करने पर जोर दिया गया है। स्कूलों में अलग से ईमानदारी का पाठ पढ़ाने के लिए तरीका खोजने की बात पहली बार अन्ना आंदोलन के प्रभाव में शिक्षा बोर्डों के सामने रखी गई। जानकारी के अनुसार केंद्रीय सतर्कता आयोग ने सीबीएसई तथा सीआईएससीई से छठी से नवीं कक्षा के छात्रों के लिए सत्यनिष्ठा क्लब स्थापित करने की सिफारिश की। इस क्लब के माध्यम से बच्चों के मन में भ्रष्टाचार विरोधी धारणा स्थापित की जा सकती है। यह योजना भविष्य में भ्रष्टाचार से लड़ने के उपायों का एक प्रयास होगा। ..................................................... कौन थे ब्रह्मेश्वर मुखिया?
शुक्रवार, 1 जून, 2012 को 08:26 IST तक के समाचार
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शनिवार, 5 मई 2012
बच्चे अब पढ़ेंगे ईमानदारी का पाठ
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