कला परिक्रमा

राहगीरी 
(चित्र रचना )
सेन्ट्रल पार्क राजनगर गाजियाबाद 

















लगभग एक वर्ष उपरान्त कुछेक छात्रों और छात्राओं ने इस तरह से काम किया जिससे संभावनाएं बलवती हुयी हैं इनमें से कुछेक के चित्र संलग्न कर रहा हूँ यथा -

हिहानी गौतम  
हिहानी गौतम  

हिहानी गौतम  

हिहानी गौतम  

प्रीती 

प्रीती 

प्रीती 

प्रीती 

रितु

रितु

रितु

रितु

विनीता 

विनीता 

विनीता 

विनीता 

विवेक अल्तेकर हमारे यहाँ के २०१०-११ के छात्र रहे हैं निरंतर चित्र साधना में लगे हैं इनकी कुछ कृतियाँ संलग्न हैं -



उदहारण  के लिए  कैटलाग का प्रारूप  दिया जा रहा है इसका  साइज - 12 इंच /18 इंच  का होना है ;
इसमें जिन  विन्दुओं पर ध्यान  दिया जाना है वह  निम्नवत  हैं-
1. पेंटिंग्स के साथ  अन्य  कार्यों को भी कैटलोग  में  लगाया  जाय .
2. विद्यार्थी अपना सचित्र परिचय  देगा.
3. अध्यक्ष  का  आमुख  लगाना आवश्यक है .
4.  कैटलोग  बनाने  से पूर्व  अध्यक्ष  का अनुमोदन आवश्यक  है.  



प्रारूप 1 कवर 


प्रारूप 2 कवर 

प्रारूप 3 आन्तरिक  स्वरुप 

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